आर्यभट्ट प्रेक्षण विज्ञान शोध संस्थान (एरीज)

आर्यभट्ट प्रेक्षण विज्ञान शोध संस्थान (एरीज), मनोरापीक, नैनीताल एक खगोलीय वेधशाला का गठन “उत्तर प्रदेश राजकीय वेधशाला” के नाम से उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा 20 अप्रैल 1954 ई0 को वाराणसी में किया गया, तदोपरांत 1955 ई0 में नैनीताल एवं 1961 में अपने वर्तमान स्थान मनोरापीक में ले जाया गया । सन् 2000 ई0 में उत्तराखण्ड राज्य के गठन के बाद यह “राजकीय वेधशाला” के रूप में जाना जाने लगा । तत्पश्चात 22 मार्च 2004 यह भारत सरकार के अधीन एक स्वायतशासी संस्थान का रूप दिया गया ।
एरीज की दूरी नैनीताल से सडक मार्ग से 9 किलोमीटर है । लेकिन यदि कोई पैदल जाना चाहे तो यह दूरी लगभग 4 किलोमीटर तथा हनुमानगढी से लगभग 1 किलोमीटर है । यहॉ पर माह में कुछ दिन को रात्रि में विभिन्न ग्रहों एवं सितारों को दिखाने की व्यवस्था भी है, परंतु इसके लिए पूर्वानुमति आवश्यक है ।
अधिक जानकारी के लिए, कृपया http://www.aries.res.in पर जाएं।

वेधशाला के टेलीफोन नंबर 05942-235136 और 05942-235883 है ।

कैसे पहुंचें:

वायु मार्ग द्वारा

पंतनगर एयरपोर्ट से लगभग 68 कि.मी. दूर है ।

ट्रेन द्वारा

काठगोदाम रेलवे स्टेशन से 33 कि.मी. दूर है ।

सड़क के द्वारा

एरीज की दूरी नैनीताल से सडक मार्ग से 9 किलोमीटर है । लेकिन यदि कोई पैदल जाना चाहे तो यह दूरी लगभग 4 किलोमीटर तथा हनुमानगढी से लगभग 1 किलोमीटर है ।